Skip to main content

मंजिल वही रहती है बस सफर बदल जाते हैं

मंजिल वही रहती है बस सफर बदल जाते हैं

मुहब्बत भरी दुनिया मे हमसफर बदल जाते हैं

आरजू होती है तुझमे खो जाने की

बेवफा तुम ना हो जाओ कहींं.ये सोच ख्यालात बदल जाते है

Comments

Popular posts from this blog

नहीं है जिंदगी  शिकायत तुझसे कुछ भी

नहीं है जिंदगी  शिकायत तुझसे कुछ भी
टुट चुका हुँ मै पर जिंदा हुँ मै अभी
साँसो को भी शिकायत रहती है मुझसे
खोया हुँ तेरे सवालों में सोया मै भी नहीं
साथ थे हम तो सताती थी दुनिया
अकेला हुँ मै मगर भुला अब भी नहीं
अरमाँ है देख लुँ जी भर के उसको
तकती है आँखे उसको आएगी शायद अभीWritten By:- सुब्रत आनंद
Date:- 23-07-2016